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बांग्लादेश में रेप पीड़िता की मौत पर बलात्कारियों को होगी फांसी

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बांग्लादेश के राष्ट्रपति जल्द ही करेंगे अध्यादेश पर हस्ताक्षर, उम्रकैद की सजा के बदले दी जाएगी फांसी

ढाका। बांग्लादेश के कैबिनेट ने रेप व मर्डर के मामलों में अधिकतम सजा के बतौर फांसी देना तय किया ह। बांग्लादेश सरकार ने पिछले दिनों हुई एक बलात्कार की घटना पर देश में फैले जनाक्रोश के बाद यह फैसला लिया है। रेप के मामलों में उम्र कैद की सजा को बदलते हुए अब फांसी दी जा सकती है। सरकार के प्रवक्ता खांडाकर अनवरूल इस्लाम ने कहा कि राष्ट्रपति अब्दुल हामिद ने एक अध्यादेश जारी कर महिला और बच्चों के उत्पीड़न रोकने संबंधी नियमों में बदलाव करने का संकेत दे दिया है। राष्ट्रपति को इस बारे में अध्यादेश लाने की जरूरत इसलिए पड़ रही है, क्योंकि इस समय संसद सत्र नहीं चल रहा है।

बलात्कार के मामलों की सुनवाई जल्दी होगी पूरी: सरकार
सरकार के प्रवक्ता अनवरूल इस्लाम ने कहा कि सरकार इस बात पर सहमत हो गई है कि रेप के मामलों का स्पीड ट्रायल हो। बलात्कार के हालिया घटनाक्रमों को लेकर देश भर में आक्रोश  है। उन्होंने बताया कि वर्तमान कानून में रेप के मामलों में अपराधियों को अधिकतम सजा के बतौर उम्रकैद ही मिलती है। वर्तमान कानून में यदि रेप पीड़िता मर जाती है तो अपराधियों को मौत की सजा दी जा सकती है।

बांग्लादेश के कानून मंत्री अनीसुल हक ने कहा कि उम्मीद है कि राष्ट्रपति जल्द ही इस बारे में अध्यादेश जारी करेंगे। दरअसल बांग्लादेश में एक सप्ताह के अंदर कई हिंसक वारदातों के साथ ही बलात्कार के कई मामले सामने आए। इसके बाद देश की राजधानी ढाका में लोगों ने जमकर आंदोलन किया और सरकारी विरोधी नारे लगाए।

बांग्लादेश के मानवाधिकार संगठन समूह ने कहा कि देश में बलात्कार की घटनाएं बहुत तेजी से बढ़ रही है। महिला मानवाधिकार संगठन ऐन ओ सालिश केंद्र का कहना है कि जनवरी से अगस्त के बीच देश में 889 ​महिलाओं का बलात्कार हुआ है। इनमें से 41 बलात्कार की शिकार हुई महिलाओं की मौत हो गई। इन महिलाओं की मौत बलात्कार के दौरान रेपिस्टों ने हिंसा भी की थी। संगठन का कहना है कि बहुत सी बलात्कार की घटनाएं दबंग लोगों के उत्पीड़न के डर से पुलिस में रिपोर्ट ही नहीं की जाती है। वहीं दूसरी ओर बांग्लादेश की न्याय व्यवस्था इन मामलों के निपटारे में सालों लगा देती है।


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