फ्रांसीसी अधिकारियों को निशाना बनाने के आरोप
रबात। मोरक्को सरकार ने कहा कि देश के सुरक्षा बलों ने फ्रांस के राष्ट्रपति और अन्य सार्वजनिक हस्तियों के सेलफोन पर नजर रखने के लिए इजराइल के एनएसओ समूह द्वारा बनाए गए स्पाइवेयर का इस्तेमाल नहीं किया है।
इस संदर्भ में मोरक्को सरकार ने कानूनी कार्रवाई की चेतावनी देते हुए कहा कि वह ‘इन झूठे और निराधार आरोपों को खारिज करती है, और उन लोगों को उनकी असली कहानियों के समर्थन में कोई ठोस और भौतिक सबूत प्रदान करने की चुनौती देती है।’ मीडिया समूह ने पेरिस स्थित ‘जर्नलिज्म नॉन प्रोफिट फॉरबिडन स्टोरीज’ और मानवाधिकार समूह एमनेस्टी इंटरनेशनल द्वारा प्राप्त 50,000 से अधिक सेलफोन नंबरों की लीक सूची से संभावित लक्ष्यों की पहचान की है।
खबरों में कहा गया है कि सूची में अजरबैजान, कजाकिस्तान, पाकिस्तान, मोरक्को और रवांडा के फोन नंबर भी थे, साथ ही कई अरब शाही परिवार के सदस्यों, राष्ट्राध्यक्षों और प्रधानमंत्रियों के फोन नंबर भी थे। एनएसओ समूह ने हालांकि इस बात से इनकार किया है कि उसने कभी भी ‘संभावित, पिछले या मौजूदा लक्ष्यों की एक सूची’ बनाए रखी। उसने इन खबरों को ‘गलत धारणाओं और अपुष्ट सिद्धांतों से भरा’ बताया।
