मुंबई। कोरोना वायरस को देखते हुए देश भर में 22 मार्च से घोषित पूर्ण लॉकडाउन किया गया है, इसके बावजूद पश्चिम रेलवे ने 3 महीनों के दौरान मालगाड़ियों के 7,100 रेकों की लोडिंग करते हुए अब तक 15 मिलियन टन सामग्री का परिवहन करने में सफलता पाई है।
पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी रविन्द्र भाकर ने बताया कि पीओएल के 785 रेक, उर्वरक के 1051, नमक के 396, खाद्यान्न के 75, सीमेंट के 424, कोयले के 256, कंटेनरों के 3656 और जनरल माल के 35 रेक मुख्य रूप से चलाए गए। इनके ज़रिये 14.60 मिलियन टन की आवश्यक सामग्री पश्चिम रेलवे ने उत्तर पूर्वी क्षेत्र सहित देश के विभिन्न राज्यों में पहुंचाई है। इसके अलावा मिलेनियम पार्सल वैन और मिल्क टैंक वैगनों के 354 रेक भी उपलब्ध कराए गए, जिसमें दवाइयों, चिकित्सा किट, जमे हुए भोजन, दूध पाउडर और तरल दूध को भेजा गया। कुल 14,076 फ्रेट ट्रेनों को अन्य क्षेत्रीय रेलों के साथ जोड़ा गया, जिनमें 7048 ट्रेनों को सौंपा गया और 7028 ट्रेनों को पश्चिम रेलवे के विभिन्न इंटरचेंज पॉइंटों पर ले जाया गया। इस अवधि के दौरान, जम्बो के 916 रेक, BOXN के 510 रेक और BTPN के 420 महत्वपूर्ण आवक रेक श्रम शक्ति की कमी के बावजूद अनलोड किये गये।
