‘किसानों की उम्मीदों का खेत सूखा, चिंता में महिलाएं; योगी सरकार के बजट पर अखिलेश का तंज
UP Budget 2025 पर बोले अखिलेश यादव
डिजिटल न्यूज डेस्क, लखनऊ। उत्तर प्रदेश (यूपी) का बजट पेश होने के बाद अब सियासी बयानबाजी का दौर शुरू हो गया है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने प्रेस वार्ता कर इस बजट को खोखला करार दिया है।
योगी सरकार के बजट पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि ये बजट नहीं, बल्कि बहुत बड़ा ढोल है जिसमें आवाज तो बहुत है पर अंदर से खोखला है। उन्होंने कहा कि इसे देखकर किसानों की उम्मीदों का खेत सूख गया है। महिलाओं के माथे पर घर चलाने की चिंता की लकीरें उभर आई हैं। आम जनता के लिए इसमें कुछ नहीं है। लोग कह रहे हैं कि सरकार का प्रवचन तो गया है, अब बजट कब आएगा।
उन्होंने कहा कि बजट देखकर मंत्री और विधायक भी निराश हैं क्योंकि इसमें उनके अपने विभाग के लिए कुछ नहीं है। आखिर उन्हें ही जनता को फेस करना है। भाजपा ने इस बजट में भी अपने संकल्प पत्र के वादे पूरे नहीं किए हैं। ये उनका 9वां बजट है।
सपा प्रमुख व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि हर बार बजट आता है और भाजपा सरकार यही कहती है कि ये यूपी में अब तक का सबसे बड़ा बजट है। अखिलेश ने कहा कि ये भाजपा का ‘सेकंड लास्ट’ बजट था। एक और बजट पेश होगा फिर हमें नई सरकार चुनने का अवसर मिलेगा।
घोषणा पत्र से नहीं है कोई तालमेल
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि बजट घोषणा पत्र से मेल नहीं खाता है। उन्होंने कहा, "भाजपा ने अपने घोषणापत्र में कहा था कि अगले पांच साल में वे किसानों को सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली देंगे... उन्होंने राज्य के किसानों की मदद के लिए सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि अवसंरचना मिशन के लिए 25 हजार करोड़ रुपये का वादा किया... भामाशाह योजना के लिए 1 हजार करोड़ रुपये का वादा किया, जिसमें वे टमाटर, आलू और अन्य सब्जियों के लिए एमएसपी देंगे... घोषणापत्र में ये कुछ बिंदु थे जो नौ राज्य बजट के बाद भी पूरे नहीं हुए..."
