प्रहरी संवाददाता, मुंबई। महाराष्ट्र हाउसिंग ऐंड एरिया डिवेलपमेंट अथॉरिटी (म्हाडा) ने अपने एक कर्मचारी के खिलाफ फर्जी विकलांगता प्रमाण पत्र से नौकरी हासिल करने के आरोप में शिकायत दर्ज कराई है।
खेरवाडी पुलिस के मुताबिक, आरोपी विकास ढोले ने जनवरी से म्हाडा में बतौर सीनियर क्लर्क के पद पर जिम्मेदारी संभाली थी। सितंबर 2021 में म्हाडा में नौकरी के लिए ढोले ने लिखित परीक्षा दी थी। उसने विकलांगता प्रमाण पत्र भी जमा किया था, जिसमें उसने दावा किया था कि उसने अपनी 60 फीसदी दृष्टि खो दी है।
एफआईआर के अनुसार, जेजे अस्पताल में ढोले की मेडिकल जांच करने के बाद उसका प्रमाण पत्र भी जांचा गया, जिसमें वह संदिग्ध पाया गया। इसके बाद उसे तुरंत प्रभाव से काम रोकने और असली प्रमाण पत्र पेश करने को कहा गया। इसमें विफल रहने पर उसके खिलाफ मामला दर्ज कराया गया है। जेजे अस्पताल ने जांच में पाया कि बुलढाणा के अस्पताल से जारी प्रमाण पत्र संदिग्ध था, जिसे आरोपी प्रस्तुत करने में टालमटोल करता था।
