ताज़ा खबर
OtherTop 10ताज़ा खबरबिज़नेसभारतराज्य

290 करोड़ की जीएसटी धोखाधड़ी

Share

एक आरोपी गिरफ्तार, मामले की जांच जारी

मुंबई। जीएसटी सतर्कता महानिदेशालय (डीजीजीआई) नागपुर ने 25.22 करोड़ रुपये के फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) सहित 290.70 करोड़ रुपये के धोखाधड़ी वाले लेन-देन का पता लगाया है। एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। एक अधिकारी ने सोमवार को इसकी जानकारी दी।
डीजीजीआई ने एक बयान में बताया कि एक निजी कंपनी की तलाशी के बाद इस फर्जीवाड़े का पता लगा। इस संबंध में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। मुंबई स्थित एक कंपनी मेसर्स एम एंड एम एडवाइजर्स एंड कंसल्टेंट्स प्राइवेट लिमिटेड के परिसरों की तलाशी ली गई। तलाशी में मिले दस्तावेजों से पता चला है कि कंपनी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय चैनलों पर प्रसारण के लिए फिल्म निर्माण घरों के लाइसेंसिंग अधिकारों में लगी हुई थी।
डीजीजीआई के बयान में कहा गया, ‘वे शीर्ष बैनरों द्वारा निर्मित फिल्मों के अधिकारों को खरीद रहे थे और इन अधिकारों को अनुबंध प्रणाली के तहत हस्तांतरित कर राइट्स असाइन्जर्स को दे रहे थे, जो इनपुट टैक्स क्रेडिट का लाभ उठा रहे थे। हमने पाया है कि 290.70 करोड़ रुपये के फर्जी लेन-देन और 25.22 करोड़ रुपये के फर्जी आईटीसी राइट्स असाइनर्स को दिये गये।’एक अधिकारी ने कहा कि कंपनी के एक निदेशक को पांच दिसंबर को गिरफ्तार किया गया।


Share

Related posts

क्रूड ऑयल इम्पोर्ट शर्त की होगी समीक्षा

samacharprahari

महाराष्ट्र वर्ल्ड बैंक लोन जाल: BJP सरकार पर भारी ₹900 करोड़ का बोझ

samacharprahari

सुप्रीम कोर्ट का अहम फ़ैसला, हर निजी संपत्ति का अधिग्रहण नहीं कर सकती सरकार

samacharprahari

कई घंटे तक बिजली गुल होने के बाद फिर रोशन हुई मायानगरी मुंबई

samacharprahari

भारत का सपना चूर, छठी बार कंगारू बना चैंपियन

samacharprahari

महाराष्ट्र में लॉकडाउन जैसी पाबंदियों का ऐलान

samacharprahari