✍🏻 डिजिटल न्यूज डेस्क, लखनऊ | समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर सरकार और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं. सहारनपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश ने कहा कि SIR के नाम पर विपक्षी वोटों की कटौती की जा रही है और इसमें चुनाव आयोग, बीजेपी सरकार और स्थानीय प्रशासन की मिलीभगत है. उन्होंने दावा किया कि लोकसभा चुनाव के दौरान भी यही प्रक्रिया अपनाई गई थी और अब दोबारा विपक्ष को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है.
अखिलेश यादव ने कहा कि अगर SIR के आधार पर वोट हटाए जा रहे हैं तो इसका मतलब है कि पिछले लोकसभा चुनावों में चुने गए प्रतिनिधियों का चुनाव ही गलत माना जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि बिहार में किए गए प्रयोग का फायदा बीजेपी को मिल गया और अब उसी मॉडल को आगे बढ़ाया जा रहा है.
अर्थव्यवस्था को लेकर अखिलेश यादव ने अमेरिका की ओर से लगाए गए टैरिफ का जिक्र करते हुए कहा कि इससे भारतीय व्यापारियों को भारी नुकसान हो रहा है, लेकिन सरकार इस गंभीर आर्थिक असर पर ध्यान नहीं दे रही. उनका कहना था कि रुपये और डॉलर के बीच लगातार बढ़ते अंतर से व्यापार प्रभावित हो रहा है और सरकार इन मुद्दों को छिपाने की कोशिश कर रही है.
कफ सिरप मामले में योगी सरकार पर निशाना साधते हुए अखिलेश ने इंडिगो विवाद, इलेक्ट्रोरल बॉन्ड, लेखपालों की मौत और डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य पर भी टिप्पणी की. उन्होंने बीजेपी पर ‘राष्ट्रवादी’ के बजाय ‘राष्ट्र विवादी’ होने का आरोप लगाया और कहा कि सरकार महंगाई, बेरोजगारी, बिजली और उद्योग के सवालों पर जवाब देने से बच रही है.
