लाल हुआ पाकिस्तान, चीन को भी टेंशन
प्रहरी संवाददाता, मुंबई। दुनिया की सबसे शक्तिशाली संस्था संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष के तौर पर भारत की ताजपोशी से पाकिस्तान को तीखी मिर्ची लगी है। चीन को भी टेंशन है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने उम्मीद जताई है कि भारत अपने कार्यकाल के दौरान निष्पक्ष होकर काम करेगा।
बता दें कि भारत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का अस्थायी सदस्य है। अध्यक्ष के रूप में अगले दो साल का कार्यकाल मिला है। भारत ने रविवार से 15 सदस्यीय संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष के तौर पर कार्यभार संभाल लिया है। सुरक्षा परिषद की अध्यक्षता हर महीने अंग्रेजी के वर्णमाला के आधार पर बदलती रहती है। भारत 1 जनवरी 2021 को सुरक्षा परिषद का सदस्य बना था और उसे अपने कार्यकाल के दौरान दो बार अध्यक्ष बनने का मौका मिलेगा।
एक महीने तक कश्मीर पर कोई भी चर्चा नहीं कर पाएगा पाक
पाकिस्तानी अखबार डॉन के मुताबिक भारत के अध्यक्ष रहने का मतलब यह है कि पाकिस्तान अब एक महीने तक कश्मीर के मामले पर कोई भी चर्चा सुरक्षा परिषद में नहीं कर पाएगा। पाकिस्तानी प्रवक्ता जाहिद हाफीज चौधरी ने कहा, ‘चूंकि भारत ने इस पद को संभाल लिया है, हम उसे एक बार फिर से यह याद दिलाना चाहते हैं कि वह संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के जम्मू-कश्मीर पर प्रस्तावों को लागू करे।’
बता दें कि भारत ऐसे समय पर सुरक्षा परिषद का अध्यक्ष बना है जब अफगानिस्तान में पाकिस्तान के समर्थन से तालिबान खूनी हिंसा कर रहा है। अफगान सेना के साथ उसकी जंग जारी है। सबसे अहम बात यह है कि भारत ने अगले एक महीने के कार्यकाल के दौरान जो ‘प्रोग्राम ऑफ वर्क’ बनाया है, उसमें चीन और पाकिस्तान पर नकेल कसना भी शामिल है। ऐसे में पाकिस्तान, तालिबान और चीन की नापाक चाल को भारत सुरक्षा परिषद के जरिए मात दे सकता है।
