ताज़ा खबर
Other

पीएम मोदी के सीजेआई चंद्रचूड़ के घर जाने पर छिड़ा विवाद

Share

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार रात भारत के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस डी. वाई. चंद्रचूड़ के दिल्ली स्थित आवास पर आयोजित गणेश पूजा में भाग लिया। प्रधानमंत्री के मुख्य न्यायाधीश के घर जाने और निजी समारोह में शामिल होने से विवाद भी शुरू हो गया। भारत के संविधान में कार्यपालिका, विधायिका और न्यायपालिका के अलग-अलग होने और उनकी स्वतंत्रता को लेकर भी कई लोग अपनी राय व्यक्त कर रहे हैं।

पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लैटफ़ॉर्म 'एक्स' पर गणेश पूजा में जस्टिस चंद्रचूड़ के साथ अपनी तस्वीर पोस्ट कर लिखा, “मुख्य न्यायाधीश जस्टिस चंद्रचूड़ के घर गणेश पूजा में शामिल हुआ। भगवान गणेश हम सबको सुख, समृद्धि और अच्छा स्वास्थ्य प्रदान करें।”

 

सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील दुष्यंत दवे ने कहा कि चीफ़ जस्टिस का पीएम को निमंत्रण देना और पीएम का उसे स्वीकार दोनों ही ग़लत हैं, लेकिन सुप्रीम कोर्ट की वरिष्ठ वकील पिंकी आनंद प्रधानमंत्री के चीफ़ जस्टिस के घर जाने को अच्छी मिसाल मानते हुए कहती हैं, “ऐसा नहीं है कि जो पहले नहीं हुआ, वह कभी नहीं हो सकता. पीएम का सीजेआई के आवास पर जाना एक अच्छी मिसाल है।”

जानी मानी वकील इंदिरा जयसिंह ने भी अपने ‘एक्स’ अकाउंट पर लिखा, “भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने कार्यपालिका और न्यायपालिका के बीच जो शक्तियों का बंटवारा है, उस सिद्धांत से समझौता किया है। मुख्य न्यायाधीश की स्वतंत्रता पर से अब विश्वास उठ गया है। सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (एससीबीए) को इसकी आलोचना करनी चाहिए।”

बता दें कि मुख्य न्यायाधीश चंद्रचूड इसी साल 10 नवंबर को रिटायर हो रहे हैं। इस बीच उन्होंने कई अहम मामलों की सुनवाई भी की है। महाराष्ट्र में शिवसेना और एनसीपी में टूट के बाद बनी शिंदे सरकार और इसकी वैधता से जुड़ा मामला भी सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है।

Share

Related posts

देश की जनता बीजेपी का अहंकार तोड़ने जा रही है: अखिलेश यादव

Prem Chand

62 हजार करोड़ का ‘करंट’!

samacharprahari

रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाने के लिए सरकार ने एफडीआई का फैसला किया: गोयल

samacharprahari

मरते तारे में हुए विस्फोट से पैदा हुआ था नेब्यूला

samacharprahari

युवा सशक्तिकरण को मिलेगा नया बल, महाराष्ट्र सरकार देगी हरसंभव सहयोग

samacharprahari

संग्रहालय में प्रदर्शित होगी चंबल के डाकुओं और पुलिस की दास्तान

samacharprahari