‘फिजूलखर्ची’ का आरोप लगाने वाले खुद ही ब्रांडिंग के मद में डूबे, प्रचार पर रोज़ाना 2.32 करोड़ और विदेश उड़ानों पर 550 करोड़ स्वाहा
80 करोड़ सरकारी राशनधारियों वाले देश में जनता के टैक्स के पैसे से सज रही ‘इवेंट्स’ की दुकानें! ✍️ डिजिटल न्यूज डेस्क, लखनऊ/नई दिल्ली | सत्ता में आने से पहले...
